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अब चित्रकूट में लीजिये उत्तराखंड,कश्मीर और हिमांचल जैसे प्राकृतिक का नजारा , झरने और घाटियों का उठाइये लुफ्त

अगर आप भी प्राकृतिक नजारों से रूबरू होना चाहते हैं तो  तो हम आपको एक ऐसे ही हैं जगह के बारे में बताने जा रहे हैं जिसको प्रकृतिक ने एक अलग ही रूप रंग  से सजाया है।  आज इंटरनेशनल पिकनिक डे है और इस दिन बहुत से लोग पिकनिक पर कहीं दूर घूमने के लिए जाते हैं।  ऐसे में आपके मन में यह ख्याल आता होगा कि कहां घूमने जाएं , कभी आपका मन हिमाचल, कभी कश्मीर, तो कभी उत्तराखंड  के बारे में ख्याल आता होगा।  लेकिन हम आपको बता दें कि यह सभी जगहो  जैसा प्रकृतिक का लुफ्त  एक ही जगह उठा सकते हैं।  इन सभी जगहों जैसा नजरों का लुफ्त उठाना चाहते हैं तो आपको यूपी  के चित्रकूट आना होगा। चित्रकूट भगवान राम की  बनवास का आश्रय स्थली है।

चित्रकूट को प्रकृतिक ने क्या खूब सजाया है यह सैलानियों  ही बता सकते हैं। चित्रकूट को हरे भरे पहाड़ों और झरनों ने क्या खूब सजाया है। यहां पर हरे भरे पहाड़ों के साथ सबरी जलप्रपात, नियाग्रा, राघव प्रपात समेत कई अन्य झरना देख आप भी कहेंगे सच में प्राकृतिक ने क्या सजा है।  चित्रकूट का मनमोहक जगह, मन को हरने वाला जगह  चौरासी कोस में फैला हुआ है जो पर्यटकों को काफी लुभा रहा है। चित्रकूट में स्थित घाटियां, कश्मीर की घाटियों से कम नहीं है, धारकुंडी आश्रम की घाटियां  या देवांगना घाटी  लोगों को काफी लुभा रहा है।

यही नहीं यहां के जंगल  आपको कई दूसरे जगहों के जंगलो की याद दिला देंगे।  सबरी जलप्रपात में गिर रहे दो झरने चित्रकूट को और सुंदर बनाता है।  चित्रकूट में घने जंगल, पक्षियों का चहचहना ,प्रकृतिक से सजे हरे भरे पर्वत बहते झरने क्या खूब लुभा रहा है। पर्यटन अधिकारी शक्ति सिंह  चित्रकूट को आध्यात्मिक नगरी बताते हैं  लेकिन पर्यटन की नजर से देखा जाए तो  बेहद खूबसूरत है। उन्होंने आगे बताया कि  मौजूदा समय में  यहां हिमाचल प्रदेश, कश्मीर और उत्तराखंड जैसे प्राकृतिक नजारे पर्यटकों को देखने को मिलेगा।  हम आपको बता दें कि चित्रकूट  को देखने का मन बना रहे हैं तो आप किसी भी महीने में जाकर घूम सकते हैं।  फिर भी आप यहां की अनुकूल  जगह का  अलग नजारा लेने के लिए जून के  लास्ट सप्ताह से लेकर फरवरी तक के बीच में यहां घूमना अच्छा होगा। 

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